धर्मशाला: भारतीय क्रिकेट टीम अफगानिस्तान के खिलाफ शनिवार से यहां शुरू होने वाली तीन मैच की एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय श्रृंखला से अगले साल होने वाले विश्व कप की तैयारी शुरू करेगी।
इस श्रृंखला में जहां रोहित शर्मा की मैच फिटनेस की परीक्षा होगी, वहीं चोटिल हार्दिक पंड्या के बैकअप के रूप में नीतीश कुमार रेड्डी के प्रदर्शन पर भी कड़ी नजर रहेगी।
आईपीएल के दौरान मांसपेशियों में खिंचाव के कारण कुछ मैच नहीं खेल पाने वाले रोहित अफगानिस्तान के खिलाफ तीन मैचों की श्रृंखला के लिए समय रहते पूरी तरह से फिट हो गए हैं, लेकिन भारतीय टीम और दर्शकों को विराट कोहली की कमी खलेगी जो मांसपेशियों में खिंचाव के कारण इस श्रृंखला से बाहर हो गए हैं।
भारत अक्टूबर-नवंबर 2027 में दक्षिण अफ्रीका में होने वाले विश्व कप की तैयारी कर रहा है। ऐसे में इस बात पर संदेह बना हुआ है कि क्या 39 वर्षीय रोहित वनडे विश्व कप तक टीम में बने रहेंगे या नहीं। भले ही उम्र उनके पक्ष में नहीं हो लेकिन वह अपने प्रदर्शन में निरंतरता बनाए रखने में सक्षम रहे हैं।
विश्व कप से पहले भारत को लगभग 25 वनडे मैच खेलने हैं, जिससे टीम को खिलाड़ियों और अलग-अलग संयोजन आजमाने का पर्याप्त मौका मिलेगा।
शुभमन गिल की कप्तानी में भारत ने तीन वनडे श्रृंखला खेली हैं जिनमें से दो में उसे हार का सामना करना पड़ा था। मुख्य कोच गौतम गंभीर के साथ मिलकर वह इस रिकॉर्ड में सुधार करने में कोई कसर नहीं छोड़ना चाहेंगे।
गिल और रोहित के पारी की शुरुआत करने की उम्मीद है, जबकि कोहली की अनुपस्थिति में तीसरे नंबर पर ईशान किशन और यशस्वी जायसवाल में से किसी एक को उतारा जा सकता है।
टी20 कि भारतीय टीम के नवनियुक्त कप्तान श्रेयस अय्यर चौथे नंबर पर बल्लेबाजी करेंगे। टीम के नंबर एक विकेटकीपर बल्लेबाज केएल राहुल मध्य क्रम का हिस्सा हैं और नीतीश कुमार रेड्डी संभवतः उनके बाद छठे नंबर पर बल्लेबाजी करेंगे।
रेड्डी की बल्लेबाजी क्षमता पर कभी संदेह नहीं रहा है, लेकिन हार्दिक के बैक-अप के रूप में क्या वह गेंदबाजी में लगातार अच्छा प्रदर्शन कर पाएंगे, यह देखना बाकी है।
हार्दिक की तरह रेड्डी को भी चोटों का सामना करना पड़ा है और चयनकर्ता यह देखने के लिए उत्सुक होंगे कि क्या वह अपनी मध्यम गति की गेंदबाजी से 10 ओवर करने में पर्याप्त सक्षम हैं।
रेड्डी ने आईपीएल में बल्ले और गेंद दोनों से अपनी जीवंत उपस्थिति दर्ज कराई और उनका लक्ष्य एकदिवसीय क्रिकेट में भी उसी फॉर्म को दोहराना होगा।
धर्मशाला की ऊंचाई पर स्थित पिच पर गेंद आमतौर पर अच्छी गति और उछाल के साथ बल्लेबाज तक पहुंचती है।
टीम में दूसरे ऑलराउंडर ऑफ स्पिनर वाशिंगटन सुंदर हैं। स्पिन गेंदबाजी में कुलदीप यादव दूसरे विकल्प हो सकते हैं लेकिन वह अभी अच्छी फॉर्म में नहीं हैं। कुलदीप ने हालांकि 120 वनडे में 194 विकेट लिए हैं और उनका अनुभव काफी मायने रखता है।
अभी तक अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट नहीं खेलने वाले बाएं हाथ के स्पिनर हर्ष दुबे टीम में स्पिन गेंदबाजी का एक और विकल्प हैं। दुबे अच्छे बल्लेबाज भी हैं।
अर्शदीप सिंह और प्रसिद्ध कृष्णा तेज गेंदबाजी आक्रमण की कमान संभालेंगे, जबकि प्रिंस यादव या गुरनूर बराड़ तीसरे तेज गेंदबाज के रूप में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण कर सकते हैं।
जसप्रीत बुमराह और मोहम्मद सिराज दोनों को ही कार्यभार प्रबंधन के तहत इस श्रृंखला से आराम दिया गया है।
अफगानिस्तान को भारत के खिलाफ एकमात्र टेस्ट मैच में करारी हार का सामना करना पड़ा था लेकिन उसकी टीम सीमित ओवरों की क्रिकेट में काफी अच्छी है।
राशिद खान की वापसी से टीम को मजबूती मिलेगी, जो पीठ की सर्जरी के बाद फिलहाल लाल गेंद की क्रिकेट नहीं खेल रहे हैं।
अनुभवी मोहम्मद नबी भी हशमतुल्लाह शाहिदी की अगुवाई वाली टीम को संतुलन प्रदान करेंगे।
अफगानिस्तान 2023 में भारत में खेले गए वनडे विश्व कप में अपने प्रदर्शन से प्रेरणा लेने की कोशिश करेगा जब वह सेमीफाइनल में पहुंचने के बेहद करीब पहुंच गया था।
चंडीगढ़ में खेले गए टेस्ट मैच में छह विकेट लेने वाले तेज गेंदबाज मोहम्मद सलीम को वनडे टीम में शामिल कर लिया गया है।
टीम इस प्रकार हैं:
भारत: शुभमन गिल (कप्तान), यशस्वी जायसवाल, केएल राहुल, कुलदीप यादव, नितीश कुमार रेड्डी, प्रसिद्ध कृष्णा, श्रेयस अय्यर, रोहित शर्मा, हार्दिक पंड्या, वॉशिंगटन सुंदर, हर्ष दुबे, इशान किशन, अर्शदीप सिंह, गुरनूर बराड़, प्रिंस यादव।
अफगानिस्तान: हशमतुल्लाह शाहिदी (कप्तान), सेदिकुल्लाह अटल, रहमानुल्लाह गुरबाज़ (विकेटकीपर), इकराम अलिखिल (विकेटकीपर), अजमतुल्लाह उमरजई, बिलाल सामी, नांगेयालिया खरोती, फरीद अहमद मलिक, एएम ग़ज़नफ़र, मोहम्मद नबी, राशिद खान, दरविश रसूली, इब्राहिम जादरान, जिया उर रहमान शरीफी।
