स्वर्णिम भारत मंच ने कोरोना संकट में 91 हजार भोजन पैकेट का निर्माण कर वितरण किया

उज्जैन। स्वर्णिम भारत मंच ने कोरोना संकट के समय 91 हजार भोजन पैकेट का निर्माण कर वितरण किया है  साथ ही 1 अक्टूम्बर 2019 से निरन्तर स्वर्णिम भारत मंच द्वारा निशक्त बेसहारा वृद्धजनों, दिव्यांगों एवं विधवा महिलाओं के लिए नि:शुल्क भोजन सेवा की भी जा रही है जिसमे प्रतिदिन 200 वृद्धजनो को घर पर भोजन पहुंचाया जा रहा है।
वृद्धजनों को नगर की प्रथम नागरिक (महापौर) मीना जोनवाल ने स्वयं अपने हाथों से वृद्धजनों को घर पर टिफिन दिए। स्वर्णिम भारत मंच के संयोजक दिनेश श्रीवास्तव ने बताया कि कोरोना संकट में 91 हजार भोजन पैकेट का निर्माण कर  बेसहारा लोगो को वितरण स्वर्णिम भारत मंच कर चुका है। दिनांक 22 मार्च से स्वर्णिम भारत मंच बे घर बेसहारा लोगों को भोजन पहुँचा रहा है जबकि कई संस्थाओ ने वर्तमान में भोजन वितरण करना बंन्द कर दिया है। जबकि स्वर्णिम भारत मंच की भोजन शाला नियमित चल रही है जिसमे प्रतिदिन 500 लोगों के लिए भोजन तैयार हो रहा है जिसमें 200 वृद्धजनो को सादा भोजन मिल रहा है।

महापौर ने निशक्त वृद्धजनों के घर जाकर टिफिन दिए

स्वर्णिम भारत मंच द्वारा 1 अक्टूबर 2019 से बे सहारा वृद्धजनों के लिए घर पर नि:शुल्क भोजन पहुंचाया जा रहा है इसी कड़ी में महापौर मीना जोनवाल ने स्वर्णिम भारत मंच के पदाधिकारियों के साथ जाकर बुजुर्गों के घर अपने हाथों से भोजन का टिफिन दिए तथा उनकी आप बीती भी सुनी कंही कंही तो महापौर मीना जी जोनवाल  बुजुर्गों की कहानी सुनकर भावुक भी हो गयी तो कई बार मास्क के लिए भी टोकती रही है  महापौर ने स्वर्णिम भारत मंच की वृद्धजनों हेतु की जा रही भोजन सेवा की सराहना  करते हुए पूरे शहर में इस  सेवा को बहुत आवश्यक बताया।