रहाणे चतुर और शांत कप्तान : शास्त्री

मेलबर्न,  । भारतीय टीम के मुख्य कोच रवि शास्त्री ने मेलबर्न टेस्ट में आस्ट्रेलिया पर मिली शानदार जीत के बाद कहा है कि अजिंक्य रहाणे बेहद चतुर और शांत कप्तान हैं और उन्हें खेल की बहुत अच्छी समझ है।

शास्त्री ने साथ ही पहली पारी में रहाणे की 112 रन की शानदार शतकीय पारी को मैच का टनिर्ंग प्वाइंट बताया है।

भारतीय क्रिकेट टीम ने मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड (एमसीजी) पर खेले गए दूसरे टेस्ट मैच में आस्ट्रेलिया को 8 विकेट से हराकर चार मैचों की सीरीज में 1-1 की बराबरी कर ली है।

मैच के चौथे दिन मंगलवार को मेजबान आस्ट्रेलिया की दूसरी पारी 200 रनों पर समेटने के बाद भारत को जीत के लिए 70 रनों का लक्ष्य मिला था, जिसे उसने 2 विकेट गंवाकर 15.5 ओवरों में हासिल कर लिया।

शास्त्री ने मैच के बाद कहा, वह बेहद चतुर कप्तान हैं। उन्हें खेल की बहुत अच्छी समझ है और वह मैच को अच्छे से पढ़ते हैं। मुझे लगता है कि उनके शांत स्वभाव से अपना पदार्पण मैच खेल रहे मोहम्मद सिराज और शुभमन गिल को मैच के बीच में काफी मदद मिली है। उमेश को खोने के बाद भी उनका प्रभाव शांत था। मुझे लगता है कि हमने एक शानदार काम किया।

58 साल के शास्त्री ने रहाणे और विराट कोहली की तारीफ करते हुए कहा कि दोनों को खेल की बहुत अच्छी समझ है और वे दोनों अलग अलग स्वभाव के हैं।

कोच ने कहा, दोनों खेल के बहुत अच्छे कप्तान हैं। विराट बहुत भावुक हैं जबकि दूसरी ओर अजिंक्य बहुत शांत और रचनाकार हैं। यह उनकी विशेषता हैं। विराट आपके चेहरे के सामने अधिक होते हैं जबकि रहाणे बहुत ही शांत और शानदार तरीके से रहते हैं। लेकिन अंदर ही अंदर उन्हें पता है कि उन्हें क्या चाहिए?

शास्त्री ने साथ ही पहली पारी में रहाणे की 112 रन की शानदार शतकीय पारी को मैच का टनिर्ंग प्वाइंट बताया और कहा कि उनकी इस पारी ने मैच को भारत की ओर मोड़ दिया।

उन्होंने कहा, मुझे लगता है कि यह अजिंक्य रहाणे की पारी थी। टीम के कप्तान के रूप में इतने बड़े स्तर पर और इतने बड़े मंच पर उन्होंने जो अनुशासन दिखाया और नंबर चार पर आकर बल्लेबाजी की। मुझे लगता है कि उनकी पारी मैच का टनिर्ंग प्वाइंट था।