विक्रम कीर्ति मन्दिर में तीन दिवसीय राष्ट्रीय पुष्प प्रदर्शनी आज से

उज्जैन विक्रम कीर्ति मन्दिर में 3 फरवरी से 5 फरवरी तक तीन दिवसीय फूलों की प्रदर्शनी आयोजित की गई है। इसमें जिले के 500 कृषकों को विदेशी फूलों की खेती के तरीके सिखाये जायेंगे। इस प्रदर्शनी में राज्य में उत्पादित होने वाले फूलों, राज्य के बाहर एवं पॉलीहाउस, नेट हाउस में उच्च तकनीकी से उत्पादित होने वाले फूलों का प्रदर्शन एवं उत्पाद तकनीक का प्रशिक्षण दिया जायेगा। प्रशिक्षण पुष्प विज्ञानी डॉ.अनुज कुमार, डॉ.प्रसन्न गुप्ता, डॉ.जीएन पाण्डेय द्वारा दिया जायेगा। इस प्रशिक्षण में 250 कृषक कृषि विभाग के तथा 250 कृषक उद्यानिकी विभाग के शामिल होंगे तथा 1200 प्रकार के फूलों के प्रदर्शों का प्रदर्शन होगा। उज्जैन शहर में पहली बार पुष्प प्रतियोगिता एवं प्रदर्शनी लगाई जा रही है। संगोष्ठी भी होगी। तीन फरवरी को प्रातरू 7 बजे से 11 बजे तक प्रदर्श (सेम्पल) स्वीकार किये जायेंगे। सेम्पल की जांच निर्णायक समिति द्वारा उसी दिन की जायेगी।

शाम 6 से 10 तक लाइट एण्ड साउण्ड के साथ प्रदर्शनी खुली रहेगी

विक्रम कीर्ति मन्दिर में लगाई गई पुष्प प्रदर्शनी उज्जैन शहर के लोगों के लिये आकर्षण का केन्द्र रहेगी। विभिन्न प्रकार के फूलों का वे जहां अवलोकन कर सकेंगे, वहीं इनके उत्पादन की जानकारी भी ले सकते हैं। प्रदर्शनी 3 एवं 4 फरवरी को शाम 6 बजे से 10 बजे तक आमजन के लिये खुली रहेगी। प्रदर्शनी में लाइट एण्ड साउण्ड के साथ फूलों का प्रदर्शन होगा। इसी तरह 5 फरवरी को प्रातरू 10 बजे से रात्रि तक प्रदर्शनी का अवलोकन किया जा सकेगा।

राष्ट्रीय पुष्प प्रदर्शनी का कार्यक्रम

राष्ट्रीय पुष्प प्रदर्शनी का कार्यक्रम इस प्रकार है- 3 फरवरी को प्रदर्शों का पंजीयन, प्रवेश एवं टैगिंग प्रातरू 7 बजे से दोपहर 11 बजे तक, प्रदर्शनी संगोष्ठी का शुभारम्भ दोपहर 12 बजे होगा। पुष्प खेती की तकनीक आधारित कार्यशाला प्रातरू 11 बजे से 4 बजे तक चलेगी। पुष्प प्रदर्शों का मूल्यांकन दोपहर 1 बजे से 3 बजे तक होगा व प्रदर्शों की टैगिंग का कार्य 3:30 से 4:30 के बीच किया जायेगा। इसी तरह 4 फरवरी को पुष्प खेती तकनीक आधारित संगोष्ठी प्रातरू 11 बजे से 4 बजे तक आयोजित होगी। पुरस्कार वितरण शाम 4 बजे से 6 बजे के मध्य किया जायेगा। यह जानकारी उप संचालक उद्यानिकी श्री पीएल कनेल ने दी।

प्रदर्शनी में रखे जाने वाले सेम्पल छह श्रेणी में विभक्त

प्रदर्शनी में रखे जाने वाले सेम्पलों को छह श्रेणी में विभक्त किया गया है। भाग-1 में गुलाब वर्ग-1, हाइब्रिड टी कट फ्लावर, वर्ग-2 फ्लोरिबंडा कट फ्लावर, वर्ग-3 मिनीएचर कट फ्लावर, भाग-2 में मौसमी पुष्प जिसमें सेवन्ती, बिजली, गेंदा, गेंदी, डहेलियर बीजू, अस्टर, सिटविलियम, डायथम, केंडिफ्ट, लार्कस्पर, एन्ट्रीहायनम, ल्यूपिन, स्टॉक, कैलेंडूला, पेपर फ्लावर व अन्य किस्म के पुष्प शामिल हैं। भाग-3 में कट फ्लावर, डच रोज, जरवेरा, रजनीगंधा, ग्लेडुलाई तथा स्टाटिस शामिल हैं। इसी तरह भाग-4 पुष्प गमला में जीनिया, फ्रेंच मेरिगोल्ड, डहेलिया, साल्विया, गिलार्डिया, जरबेरा, इम्प्रेशन, गुलाब हाइब्रिड, गुलाब मिनीएचर, फ्लोरिबंडा, पॉलीएंथा व अन्य गमले हैं। इसी तरह भाग-5 बोंसाई में फ्लावरिंग, फुटिंग, फोलिएज, फॉरेस्ट ग्रुप, भाग-6 में हार, अजगर, कलात्मक, वरमाला, गुलदस्ता, वेणी, गजरा, पुष्प रंगोली शामिल हैं।
जिले में फूलों की खेती को बढ़ावा देने एवं व्यावसायिक पुष्प उत्पादन की तकनीकी से परिचित कराने के उद्देश्य से राष्ट्रीय पुष्प प्रदर्शनी एवं संगोष्ठी का आयोजन किया जा रहा है। प्रदर्शनी में प्रवेश निरूशुल्क है। कृषक एवं शासकीय, अशासकीय संस्थाएं पुष्पों के प्रदर्श अपने साथ लेकर नियत दिनांक 3 फरवरी को प्रातरू 7 से 11 बजे तक उपस्थित होंगे। प्रदर्शनी में प्रवेश हेतु आवेदन कर पंजीयन कराना आवश्यक होगा। प्रदर्शनी में रखे जाने वाले प्रदर्शों की श्रेणियों की नियमावली कार्यालयीन समय में उप संचालक उद्यान कोठी परिसर उज्जैन से सम्पर्क कर प्राप्त की जा सकती है। प्रत्येक श्रेणी के प्रदर्शों में प्रतियोगिता होगी तथा प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय पुरस्कार दिया जायेगा। शासकीय संस्थाएं, निजी संस्थाएं, शासकीय एवं निजी नर्सरी, पुष्प उत्पादक, रोज सोसायटी एवं व्यावसायिक कंपनियों से अपील की गई है कि वे इस प्रदर्शनी में अधिकाधिक प्रदर्शों के साथ भाग लेकर आयोजन को सफल बनायें। अधिक जानकारी हेतु उप संचालक उद्यानिकी श्री पीएस कनेल से 9893106252 पर तथा वरिष्ठ उद्यानिकी अधिकारी श्री सुभाष श्रीवास्तव से 9826234123 पर सम्पर्क किया जा सकता है।