चीन अपने सत्तावादी तंत्र के अनुरूप पूरे विश्व को ढालना चाहता है : पेंटागन

वाशिंगटन, चीन पूरे विश्व को अपने सत्तावादी तंत्र एवं राष्ट्रीय उद्देश्यों के अनुरूप ढालना चाहता है। पेंटागन के एक शीर्ष अधिकारी ने मंगलवार को यह दावा किया।

उन्होंने चिंता जताई कि चीन का रुख अपने नजरिए के टकरावों को नजरअंदाज कर इसे बढ़ावा देने के लिए दूसरे देशों पर दबाव बनाने का ज्यादा हो गया है।

भारत प्रशांत सुरक्षा मामलों के सहायक रक्षा मंत्री रान्डेल श्राइवर ने वाशिगंटन के लोगों से कहा कि चीन का अपने राष्ट्रपति शी चिनफिंग के नेतृत्व में अलग दृष्टिकोण बना है। साथ ही कहा कि चीन अपने दृष्टिकोण को आगे बढ़ाने के लिए तरीके विकसित कर रहा है और अपने उस दृष्टिकोण के अनुसरण में ज्यादा से ज्यादा संघर्ष को स्वीकार करने के लिए तैयार मालूम हो रहा है।

श्राइवर ने शीर्ष अमेरिकी थिंक टैंक ब्रूकिंग्स इंस्टीट्यूट में अपने भाषण के दौरान कहा, “हम चीन के साथ प्रतियोगिता कर रहे हैं, इसलिए क्योंकि हम देखते हैं कि चीन के नेताओं ने ऐसा तय किया है कि वे हमारे साथ प्रतियोगिता में हैं, हमारे विचारों और हमारी क्षमताओं दोनों के साथ। वैश्विक तौर पर देखें तो चीन पूरी दुनिया को अपने सत्तावादी तंत्र एवं राष्ट्रीय लक्ष्यों के अनुरूप ढालने की कोशिश में है।”

उन्होंने कहा कि चीनी कम्युनिस्ट पार्टी का शासन लगातार सत्तावादी और मानवाधिकारों एवं गरिमा के लिए कम सम्मानजनक बनता जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि उन्होंने कुछ देशों को चेहरे की पहचान करने वाले सॉफ्टवेयर और राष्ट्रव्यापी निगरानी उपकरणों को निर्यात करना भी शुरू कर दिया है, जो चीन के शासन तंत्र से प्रभावित हैं ।