हर हर शिप्रे, हर-हर गंगे के जयकारो के साथ शिप्रा तीर्थ परिक्रमा प्रांरभ

उज्‍जैन/ शिप्रा मोक्ष दायिनी नदी है पुराणों में उल्‍लेख मिलता है कि इसके स्‍मरण मात्र से ही मोक्ष प्राप्‍त हो जाता है तो जो लोग बारम्‍बार इसका आचमन करते है स्‍थान करते है उनका तो मोक्ष निश्चित ही है इसकी परिक्रमा व इसके तट पर स्थित तीर्थो के दर्शन से हमें यह जो मानव जीवन प्राप्‍त हुआ है यह जरूर धन्‍य हो जाएगा।

पुण्‍यसलीला सदानीरा रहे यह हमारी कल्‍पना है लेकिन इसमें मिलने वाले अपशिष्‍टों के लिए भी हम ही जिम्‍मेदार है अत: प्रत्‍येक नागरिक का कर्तव्‍य व धर्म है कि इसे स्‍वच्‍छ रखे इसे गंदी होने से रोके शासन प्रशासन के भरोसे नही रहकर इसके तट पर दोनो और वृक्ष लगाए।

उक्‍त विचार विभिन्‍न वक्‍ताओं द्वारा विधायक डॉ. मोहन यादव के संयोजन में निकलने वाली शिप्रा तीर्थ परिक्रमा के शुभारंभ अवसर पर व्‍यक्‍त किए। इस अवसर पर कर्मचारी नेता रमेशचन्‍द्र शर्मा, अशोक प्रजापत, विवेक जोशी,मदनलाल ललावत, जगदीश पांचाल, अनिल जैन परिक्रमा आयोजन समिति के अध्‍यक्ष महंत रामेश्‍वरदास जी व विहिप के अनिल कासलीवाल ने संबोधित किया।

पश्‍चात धर्माधिकारी पं; नारायण उपाध्‍याय तीर्थ पुराहित द्वारा शिप्रा व पर्यावरण को बचाने का संकल्‍प दिलाया गया। संकल्‍प पश्‍चात शिप्रा परिक्रमा के ध्‍वज का पूजन कर अतिथियों द्वारा ध्‍वज परिक्रमा संयोजक डॉ. मोहन यादव को सौपा जिसे लेकर हर हर शिप्रे, हर-हर गंगे के जयकारो के साथ शिप्रा तीर्थ परिक्रमा प्रांरभ हुई।

हर-हर महादेव हर-हर शिप्रे के जयघोष के साथ परिक्रमा रामघाट से नृसिंह घाट पहुंची यहॉ से आनंदेश्‍वर मंदिर, जगदीश मंदिर, गउघाट, जंतर मंतर,वरूणेश्‍वर महादेव, शीतल गेस्‍ट हाउस से इन्‍दौर रोड, सीएचएल हॉस्पिटल ,प्रशांतिधाम सांईमंदिर, गुरूकुल, दोप. १२ बजे भोजन विश्राम यात्रा 03 बजे गुरूकुल से प्रस्‍थान जो नवग्रह शनि मंदिर, गोठडा, सिकन्‍दरी, दाउदखेडी,चांदमुख, चिंतामण फन्‍टा, लालपुल होते हुए भूखीमाता मंदिर, गुरूद्वारा नानक देव (रात्रि भोजन) नानक घाट रात्रि विश्राम पडाव दत्‍तअखाडा।

गुरूद्वारा नानक घाट पर गुरूद्वारा प्रबंध समिति द्वारा यात्रियों को गुरूद्वारे में बैठाकर लंगर चखाया परिक्रमा में सम्मिलित यात्रियों ने भी प्‍यार से लंगर चखा।दत्‍त अखाडा घाट पर यात्रियों का रात्रि विश्राम रहेंगा । यहॉ यात्रियों हेतु सांस्‍कृतिक संध्‍या का आयोजन किया गया देर रात तक दत्‍त अखाडा घाट पर यात्रिगण झूमते नाचते, गाते, आनंद मय देखे गए।

     शिप्रा तीर्थ परिक्रमा के द्वितीय दिवस की परिक्रमा १२ जून को प्रात: ८ बजे पूजन के पश्‍चात प्रारम्‍भ होगी जो रणजीत हनुमान, कालभैरव, भैरवगढ,सिद्धनाथ, अंगारेश्‍वर कमेड, मंगलनाथ, सान्‍दीपनी आश्रम, राम मंदिर,गढकालिका, भृतहरीगुफा, त्रणमुक्‍तेश्‍वर वाल्‍मीकी धाम (भोजन) , दुर्गादास राठौर की छत्री से परिक्रमा ३ बजे चक्रतीर्थ चौराहे से चलकर दानीगेट से शहर में प्रवेश करेगी जो ढ़ाबारोड़, गोपाल मंदिर, पटनी बाजार, गुदरी चौराहा,महाकाल मंदिर, बडेगणेश मंदिर, सिद्ध शक्तिपीठ हरसिद्धी मंदिर होते हुए रामघाट पहुँचंगी यहॉ शिप्रा का १६ श्रृंगार पूजन कर ३५१ लम्‍बी चुनरी अर्पित की जावेगी इस अवसर पर जिले के प्रभारी मंत्री सज्‍जनवर्मा, सांसद अनिल फिरोजिया, श्री शंकरलालवानी सांसद इन्‍दौर व श्री महेन्‍द्र सोलंकी सांसद शाजापुर देवास अतिथि के रूप में उपस्थित रहेंगे।

     इस अवसर पर रामघाट पर राणो जी की छत्री के यहॉ आयोजित भजन संध्‍या में प्रसिद्ध भजन गायक पं. अजय शर्मा व प्रिया जी जबलपुर और उनके ग्रुप द्वारा भजनों की प्रस्‍तुति दी जावेगी। भजनों के साथ ही मंच पर भजन के मूल चरित्र का सजीव किरदार ग्रुपके कलाकारो द्वारा प्रस्‍तुत किया जावेगा।