भारत जलवायु का संरक्षण करने के लिए प्रतिबद्ध : मोदी

सेंट पीटर्सबर्ग :रूस:  :भाषा: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज पेरिस जलवायु समझौते के तहत कार्बन उत्सर्जन में कटौती की भारत की प्रतिबद्धता दोहरायी। मोदी ने वैश्विक उद्योगों को विश्व की सबसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था में निवेश के लिए आमंत्रित करते हुए कहा कि उनके लिए ‘‘अनंत अवसर हैं।’’ एक आर्थिक मंच में मोदी के संबोधन एवं उसके बाद सवाल जवाब सत्र में उनकी बात पर कई बार तालियां बजीं। उन्होंने इस दौरान कई मुद्दों पर अपनी बात रखी जिसमें चीन के साथ संबंध, आतंकवाद, डोनाल्ड ट्रंप, वेद और युवा शक्ति शामिल थे।

मोदी एक मंच संचालक के इस सवाल को बड़ी चालाकी से टाल गए कि क्या वह रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के इस दावे में यकीन करते हैं कि रूस हैकिंग के जरिये अमेरिकी चुनाव परिणाम को प्रभावित करने में शामिल नहीं था। मोदी ने कहा, ‘‘आप :अमेरिकी: राष्ट्रपति ट्रंप, हिलेरी क्लिंटन, :जर्मन: चांसलर मर्केल और :रूसी: राष्ट्रपति पुतिन के बारे में विस्तार से बात कर रहे थे। ऐसे बड़े नेताओं के बीच, मुझे नहीं लगता कि आपको मेरे जैसे किसी वकील की जरूरत होगी।’’ मोदी के इस जवाब पर ‘सेंट पीटर्सबर्ग इंटरनेशनल इकोनॉमिक फोरम’ में मौजूद सैकड़ों लोगों की भीड़ में हंसी फूट पड़ी और लोगों ने तालियां बजायीं। इस कार्यक्रम में पुतिन भी उपस्थित थे जो मोदी के बगल में ही बैठे थे।

इस कार्यक्रम का आयोजन सेंट पीटर्सबर्ग के बाहरी क्षेत्र स्थित एक कान्फ्रंेस सेंटर में हुआ। सेंट पीटर्सबर्ग रूस का दूसरा सबसे बड़ा शहर है और पुतिन का गृहनगर भी है। कल मोदी और पुतिन एक सम्मेलन में शामिल हुए थे और कई समझौतों पर हस्ताक्षर किये थे। इनमें रूस की मदद से तमिलनाडु में कुडनकुलम परमाणु संयंत्र के दो और रिएक्टरों के निर्माण को लेकर एक महत्वपूर्ण समझौता भी शामिल था।