उल्टा किला से कुम्भ की भव्यता निहार रहे टीयूटीसी के अतिथि

प्रयागराज, कुम्भ मेला कितना भव्य और दिव्य है, यह उल्टा किला से स्पष्ट दिखाई देता है। झूंसी स्थित उल्टा किला की इसी विशेषता को ध्यान में रखकर ‘‘दि अल्टिमेट ट्रैवेलिंग कैंप’’ (टीयूटीसी) ने अपनी टेंट नगरी ‘‘संगम निवास’’ यहां बसाई है।

टीयूटीसी के मुख्य परिचालन अधिकारी रजनीश सभरवाल ने पीटीआई भाषा को बताया, “संगम निवास में हमने हमारे अतिथियों के लिए दो तरह के टेंट- लग्जरी और सुपर लग्जरी डीलक्स टेंट स्थापित किए हैं जो आधुनिक सुविधाओं से युक्त हैं।”

उन्होंने बताया, “टीयूटीसी अपने मेहमानों को यहां कई सुविधाओं की पेशकश करता है जिसमें प्रतिदिन योग और ध्यान की कक्षाएं, संगम तक नाव की सवारी, आध्यात्मिक साधुओं से बातचीत, मेले और अखाड़ों का भ्रमण आदि शामिल है।”

सभरवाल ने बताया कि कुम्भ मेला एक आध्यात्मिक मेला है इसे ध्यान में रखते हुए उनकी कंपनी इस टेंट नगरी में अतिथियों को केवल शुद्ध सात्विक भोजन की पेशकश कर रही है और अल्कोहल एवं मांसाहार, संगम निवास परिसर में पूरी तरह से निषिद्ध है।

उन्होंने बताया कि वर्तमान में संगम निवास के टेंट 60 प्रतिशत तक बुक हैं और आगामी दिनों में बुकिंग 80 प्रतिशत तक पहुंचने की संभावना है। यहां आने वाले अतिथियों में 50 प्रतिशत विदेशी मेहमान हैं जिसमें अमेरिका, ब्रिटेन, तुर्की, यूरोप, सिंगापुर के पर्यटक शामिल हैं।

सभरवाल ने बताया कि संगम निवास में मेहमानों का ख्याल रखने के लिए 100 से अधिक कर्मचारी लगाए गए हैं जिनमें हाउसकीपिंग स्टाफ, आयुर्वेदिक चिकित्सक, स्पा के पंचकर्म विशेषज्ञ, कुकिंग स्टाफ आदि शामिल हैं।

टीयूटीसी ने सुरक्षा के लिहाज से पूरे कैंपस में सीसीटीवी कैमरे स्थापित किए हैं और परिसर की दीवारों पर कंटीले तार लगाए हैं।

उन्होंने बताया, “हमने हाल ही में नागालैंड में हुए हॉर्नबिल फेस्टिवल में 12 कैंप लगाए थे जहां ऑक्यूपेंसी रेट 100 प्रतिशत रही।”