जेटली की ‘मिलीभगत’ से भागा माल्या, वित्त मंत्री इस्तीफा दें: राहुल

नयी दिल्ली,  देश से भागने से पहले वित्त मंत्री अरुण जेटली से मुलाकात करने संबंधी विजय माल्या के दावे पर कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने गुरुवार को नरेंद्र मोदी सरकार पर तीखा हमला बोला और आरोप लगाया कि ‘जेटली की मिलीभगत’ से माल्या भागने में सफल रहा।

राहुल ने आरोप लगाया कि इस मामले में वित्त मंत्री और सरकार झूठ बोल रहे हैं तथा जेटली को इस्तीफा देना चाहिए।

गांधी ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘कल जेटली जी ने कहा कि विजय माल्या ने उनसे संसद में अनौपचारिक मुलाकात कर ली थी। वह लंबे ब्लॉग लिखते हैं, लेकिन किसी ब्लॉग में इस मुलाकात का जिक्र नहीं किया। जेटली जी ने जो कहा कि वो झूठ कहा। हमारी पार्टी के नेता पीएल पुनिया जी ने देखा कि दोनों संसद के केंद्रीय कक्ष में मिले थे।’’ उन्होंने कहा, ‘‘इसमें दो सवाल उठते हैं। पहला सवाल कि वित्त मंत्री भगोड़े से बात करते हैं और वह उनसे लंदन जाने के बारे में बताता है। लेकिन माल्या के बारे में वित्त मंत्री ने किसी एजेंसी को क्यों नहीं बताया?’ गांधी ने यह भी पूछा कि सीबीआई पर दबाव डालकर ‘रेस्ट्रेंड नोटिस’ को ‘इन्फॉर्म्ड’ नोटिस में किसने बदलवाया? उन्होंने आरोप लगाया, ‘वित्त मंत्री की मिलीभगत है। वित्त मंत्री को इस्तीफा देना चाहिए। वित्त मंत्री को बताना चाहिए कि उन्होंने अपराधी के साथ मिलीभगत क्यों की? गांधी ने यह भी सवाल किया कि जेटली ने माल्या को खुद के स्तर पर भागने देने का फैसला किया या फिर मोदी जी कहने पर ऐसा किया? दरअसल, माल्या ने बुधवार को कहा कि वह भारत से रवाना होने से पहले वित्त मंत्री से मिला था।

लंदन में वेस्टमिंस्टर मजिस्ट्रेट की अदालत में पेश होने के लिए पहुंचे माल्या ने संवाददाताओं को बताया कि उसने मंत्री से मुलाकात की थी और बैंकों के साथ मामले का निपटारा करने की पेशकश की थी।

उधर, वित्त मंत्री ने माल्या के बयान को झूठा करार देते हुए कहा कि उन्होंने 2014 के बाद उसे कभी मिलने का समय नहीं दिया।

जेटली ने कहा कि माल्या राज्यसभा सदस्य के तौर पर हासिल विशेषाधिकार का ‘दुरुपयोग’ करते हुए संसद-भवन के गलियारे में उनके पास आ गया था।

कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने कल माल्या के दावे को ‘अति गंभीर आरोप’ करार दिया था और कहा कि प्रधानमंत्री मोदी को जांच का आदेश देना चाहिए और जांच पूरी होने तक जेटली को इस्तीफा दे देना चाहिए।

गांधी ने ट्वीट कर कहा, ‘ लंदन में आज माल्या की ओर से लगाये गए अति गंभीर आरोपों को देखते हुए प्रधानमंत्री को तत्काल स्वतंत्र जांच का आदेश देना चाहिए। जब तक जांच चलती है तब तक अरुण जेटली को वित्त मंत्री के पद से हट जाना चाहिए।’