फिल्म जगत में यौन उत्पीड़न के आरोपों का सामना करने वाले अकेले नहीं हैं दिलीप

नयी दिल्ली,  एक अभिनेत्री के कथित अपहरण और दुष्कर्म के सिलसिले में मलयालम फिल्मों के अभिनेता दिलीप की गिरफ्तारी इस तरह का अकेला मामला नही है और पहले भी फिल्मी दुनिया के कई लोग इस तरह के मामलों में फंस चुके हैं।

इससे पहले बॉलीवुड निर्देशक मधुर भंडारकर से लेकर अभिनेता शाइनी आहूजा तक कई फिल्मी हस्तियों के नाम इस तरह के मामलों में आ चुके हैं जिनमें यौन उत्पीड़न और मारपीट के आरोप लगे थे। कुछ मामलों में आरोप सच साबित हुए और कुछ में खारिज हो गये।

इस चमक-धमक वाली दुनिया में कास्टिंग काउच के बारे में ज्यादा लोग नहीं बात करते लेकिन रणवीर सिंह और आयुष्मान खुराना जैसे नये जमाने के कलाकार अपने इस तरह के अनुभवों को उजागर कर चुके हैं जो फिल्मी दुनिया की काली सच्चाई को बयां करते हैं।

साल 2005 में एक स्टिंग ऑपरेशन में शक्ति कपूर और अमन वर्मा को एक अंडरकवर रिपोर्टर से उसका फिल्म करियर बनाने के बदले शारीरिक संबंध की पेशकश करते देखा गया था।

फिल्म जगत में यौन उत्पीड़न के आरोपों की यह डायरी लंबी चौड़ी है।

इस साल जनवरी में फिल्म ‘चेन्नई एक्सप्रेस’ के निर्माता करीम मोरानी के खिलाफ एक मामला दर्ज किया गया था। 25 साल की एक महिला ने आरोप लगाया था कि मोरानी ने उससे शादी का वादा करके मुंबई में कई बार उसके साथ दुष्कर्म किया।

‘हजारों ख्वाहिशें ऐसी’ और ‘गैंगस्टर’ जैसी फिल्मों से करियर में आगे बढ़ रहे अदाकार शाइनी आहूजा पर 2009 में उनकी घरेलू सहायिका ने बलात्कार का आरोप लगाया था। बाद में उसने आरोप को वापस ले लिया लेकिन निचली अदालत की न्यायाधीश ने इसे खारिज करते हुए परिस्थितिजन्य सबूतों के आधार पर आहूजा को दोषी करार दिया।

एक फास्ट ट्रैक अदालत ने 2011 में आहूजा को सात साल के सश्रम कारावास की सजा सुनाई थी। आहूजा की अपील बंबई उच्च न्यायालय में लंबित है।

‘पीपली लाइव’ के सह-निर्देशक महमूद फारूकी को भी 2015 में कोलंबिया यूनिवर्सिटी की एक अमेरिकी शोधछात्रा के साथ दुष्कर्म का दोषी ठहराया गया और सात साल कैद की सजा सुनाई गयी। फारूकी का कहना था कि उन्हें गलत तरह से मामले में फंसाया गया। उनकी निर्देशक पत्नी अनुषा रिजवी यह मामला लड़ रही हैं।

कुछ मामलों में आरोप टिके नहीं। निर्देशक मधुर भंडारकर के खिलाफ इस तरह के आरोपों को खारिज कर दिया गया। प्रीति जैन नामक मॉडल ने 2004 में उन पर बलात्कार का आरोप लगाया था। लेकिन मामले ने तब यू-टर्न ले लिया जब मॉडल को भंडारकर की हत्या की साजिश रचने के मामले में तीन साल कैद की सजा सुनाई गयी।

‘आशिकी-2’ फिल्म के अपने मशहूर गाने ‘सुन रहा है ना तू’ से लोकप्रिय हुए गायक अंकित तिवारी को 2014 में एक महिला से बलात्कार के आरोपों में गिरफ्तार किया गया था लेकिन इस साल के शुरू में उन्हें इस मामले में बरी कर दिया गया।

फिल्म ‘वांटेड’ में सलमान खान के छोटे भाई का किरदार निभाने वाले अभिनेता इंद्र कुमार भी 2014 में इसी तरह के एक मामले में सुर्खियों में आये थे। एक मॉडल ने उन पर फिल्म में रोल देने के बहाने बलात्कार करने का आरोप लगाया था।

‘जॉली एलएलबी’ फिल्म के निर्देशक सुभाष कपूर पर भी पत्रकार से अभिनेत्री बनीं एक महिला ने छेड़छाड़ का आरोप लगाया था। कोई औपचारिक शिकायत नहीं होने पर मामला आगे नहीं बढ़ा।

फिल्म इंडस्ट्री में जगह पाने के लिए संघर्ष कर रहे अभिनेता युवराज पाराशर ने ‘आई एम’ और ‘माई ब्रदर निखिल’ जैसी फिल्मों के राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार विजेता निर्देशक ओनिर पर दुष्कर्म का आरोप लगाया था।

‘क्वीन’ के निर्देशक विकास बहल पर उनकी प्रोडक्शन कंपनी की एक सहकर्मी ने यौन उत्पीड़न का आरोप लगाया था। खबरों के मुताबिक कंपनी ने उन्हें चेतावनी देकर दोबारा काम करने का मौका दिया। फैंटम फिल्म्स नामक इस कंपनी के कर्ताधर्ताओं में अनुराग कश्यप, विक्रमादित्य मोटवानी भी हैं।

बात केवल हिंदी फिल्म जगत की नहीं है।

तमिल अभिनेत्री और जानेमाने अभिनेता-नेता आर सरदकुमार की बेटी वारालक्ष्मी सरदकुमार ने हाल ही में एक प्रमुख टीवी चैनल के प्रोग्रामिंग प्रमुख के साथ अपने कास्टिंग काउच के अनुभव को उजागर किया था।