जीएसटी व्यवस्था में 80 प्रतिशत वस्तुएं 18 प्रतिशत कर के दायरे में, ईमानदार लोगों को होगा फायदा

नयी दिल्ली, बहुप्रतिक्षित माल एवं सेवाकर के लागू होने के बाद नमक, तेल, साबुन जैसी दैनिक उपभोग की जरूरी वस्तुओं के दाम में कोई बदलाव नहीं आयेगा। आवश्यक उपभोग की वस्तुओं को या तो जीएसटी से छूट दी गई है या फिर उन पर कर की दर को मौजूदा स्तर पर ही रखा गया है।

सब्जियों, दूध, अंडा और आटा जैसे बिना ब्रांड वाली खाद्य वस्तुओं को जीएसटी से छूट दी गई है। इसके साथ ही स्वास्थ्य और शिक्षा सेवाओं पर भी जीएसटी नहीं लगेगा। चायप}ाी, खाद्य तेल, चीनी, कपड़ा और बच्चों के पौष्टिक आहार को पांच प्रतिशत जीएसटी की श्रेणी में रखा गया है। ये वस्तुएं आवश्यक और दैनिक उपभोग की वस्तुओं में 80 प्रतिशत हिस्सा रखती हैं।

लक्जरी वस्तुओं में मोटर साइकिल, इत्र और शैंपू जो कि कुल कर योग्य माल में 19 प्रतिशत हिस्सा रखते हैं, उन पर 18 प्रतिशत अथवा इससे उंची दर पर कर लगेगा।

राजस्व सचिव हसमुख अधिया ने कहा कि कर विभाग लोगों को जीएसटी की बराबर जानकारी दे रहा है। इससे कारोबार में पारदशर्तिा आयेगी और कर चोरी रोकने में मदद मिलेगी तथा ईमानदार करदाताओं को इससे लाभ होगा। अब तक 10 लाख रपये तक का कारोबार करने वाले व्यापारियों मूल्य वधर्ति कर (वैट) का भुगतान कर रहे थे लेकिन उन्हें उत्पाद शुल्क से छूट दी गई थी। लेकिन अब 20 लाख रपये तक का सालाना कारोबार करने वाले कारोबारियों को जीएसटी से छूट दी गई है। इसके साथ ही 20 लाख से लेकर 75 लाख रपये तक का कारोबार करने वालों को एकमुश्त जीएसटी भुगतान की सरल सुविधा दी गई है।

अधिया ने कहा, Þ Þजहां तक लघु उद्योगों और कारोबारियों की बात है, उनके लिये हमने कंपोजीशन योजना जारी की है, यह काफी सरल है। Þ Þ केन्द्रीय उत्पाद एवं सीमा शुल्क बोर्ड (सीबीईसी) ने एक विज्ञापन में कहा है कि एकल जीएसटी से दाम कम होंगे। जीएसटी आम परिवारों के लिये वरदान साबित होगा। इसमें 81 प्रतिशत वस्तुओं पर दरें या तो कम होंगी या फिर 18 प्रतिशत के दायरे में होंगी। मक्खन, घी, काजू, फल के जूस, मोबाइल और छाता को 12 प्रतिशत कर की दर में रखा गया है जबकि बालों में लगाये जाने वाले तेल, दंतमंजन, साबुन, आइसक््रीम और प्रिंटर पर 18 प्रतिशत जीएसटी लगेगा।

जीएसटी की सबसे उंची 28 प्रतिशत की दर कारों, वातित पेयों, एसी, रेफ्रीजिरेटर तथा अन्य पूंजीगत सामान और सभी तरह के औद्योगिक इंटरमीडिएटरी के अलावा चॉकलेट, च्युंगम पर लगाई जायेगी।

जीएसटी की नईकर व्यवस्था आज मध्यराóाि से लागू हो जायेगी। इसके लागू होने से केन्द्र और राज्यों के स्तर पर लगने वाले एक दर्जन से अधिक कर इसमें समाहित हो जायेंगे।

जीएसटी के तहत कारोबारियों को आनलाइन रिटर्न भरनी होगी। इसके लिये पूरा नेटवर्क ढांचा जीएसटी नेटवर्कयानी जीएसटीएन द्वारा उपलब्ध कराया जायेगा।