तेंदुलकर ने कहा, निचले क्रम के बल्लेबाजों ने अहम मौकों पर अच्छा प्रदर्शन किया

मुंबई, चेतेश्वर पुजारा बड़े शाट खेलने वाले खिलाड़ियों से भरी भारतीय टीम में जिस तरह धर्यपूर्ण तरीके के साथ लंबी पारियां खेलते हैं उसके लिए महान बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर ने उनकी तारीफ करते हुए उन्हें ‘मूक योद्धा’ करार दिया है।

धर्मशाला में आस्ट्रेलिया के खिलाफ चौथे और अंतिम टेस्ट के दौरान पुजारा ने एक टेस्ट सत्र में सर्वाधिक रन का गौतम गंभीर का आठ साल पुराना भारतीय रिकार्ड तोड़ा।

तेंदुलकर ने कहा, ‘‘पुजारा मूक योद्धा है, बेहतरीन जज्बा और ऐसा खिलाड़ी जो प्रतिबद्ध, अनुशासित और एकाग्र है। मैंने उसे करीब से देखा है और मैंने जो देखा उससे प्रभावित हूं। मुझे लगता है कि यह खिलाड़ी लंबे समय तक खेलेगा।’’ तेंदुलकर ने लंबे घरेलू सत्र में अच्छा प्रदर्शन करने के लिए तेज गेंदबाज उमेश यादव की सराहना भी की।

सचिन तेंदुलकर ने अहम लम्हों में अच्छा प्रदर्शन करने के लिए भारत के निचले क्रम के बल्लेबाजों की तारीफ की जिनका मानना है कि टीम के सफल घरेलू सत्र में इसने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

भारत ने न्यूजीलैंड, इंग्लैंड और आस्ट्रेलिया के खिलाफ श्रृंखला के अलावा बांग्लादेश के खिलाफ एकमात्र टेस्ट को मिलाकर कुल 13 टेस्ट खेले जिसमें से 10 में जीत दर्ज की।

तेंदुलकर ने कहा, ‘‘हमारी टीम के लिए सत्र बेजोड़ रहा। चुनौतीपूर्ण लम्हें आए जब मुझे लगता है कि हमारे सातवें, आठवें, नौवें नंबर के बल्लेबाजों ने बड़ा योगदान दिया। ये महत्वपूर्ण लम्हें थे जहां से टेस्ट मैच किसी भी तरफ जा सकता था लेकिन आपने मैच :विरोधी टीम से: दूर कर दिया।’’ इस दिग्गज बल्लेबाज ने कहा, ‘‘जब किसी टीम का मजबूत पक्ष यह होता है कि उसके गेंदबाज आपके लिए महत्वपूर्ण रन जुटा सकते हैं, विकेटकीपर आपके लिए शतक जड़ सकता है तो आप मजबूत टीम बन जाते हो।’’ तेंदुलकर ने कल देर रात यहां संवाददाताओं से कहा, ‘‘इसलिए बेशक पहले छह बल्लेबाज और सात, आठ, नौ नंबर के खिलाड़ी भी योगदान देते हैं।’

उन्होंने कहा, ‘‘खिलाड़ियों ने जिस तरह का अनुशासन और प्रतिबद्धता दिखाई, लगातार 13 मैच, मुझे याद नहीं कि ऐसा हमारे समय में हुआ हो और उमेश जैसा खिलाड़ी इनमें से 12 टेस्ट में खेला इसलिए तेज गेंदबाज के लिए यह काफी कड़ा है, यह दर्शाता है कि आप अपने शरीर पर काम कर रहे हो।’’ अपने टेस्ट करियर में 200 मैच खेलने वाले तेंदुलकर ने कहा, ‘‘उमेश ऐसा गेंदबाज है जो समय के साथ बेहतर हो रहा है, वह जितनी अधिक गेंदबाजी करेगा उतना अधिक बेहतर होगा। और आप यह देख सकते हैं, सत्र की अंतिम पारी में गेंदबाजी में उसने संभवत: अपना सर्वश्रेष्ठ स्पैल किया।’’ विदर्भ के इस 29 वर्षीय तेज गंेदबाज ने आस्ट्रेलिया के खिलाफ चार टेस्ट में 17 विकेट चटकाए।

विकेटीकपर रिद्धिमान साहा ने सत्र में तीन शतक जड़े और तेंदुलकर ने उनकी उपलब्धि को ‘शानदार’ करार दिया। उन्होंने कहा, ‘‘इन खिलाड़ियों ने महत्वपूर्ण लम्हों में काफी अच्छा प्रदर्शन किया, जो टेस्ट मैच और कभी कभी श्रृंखला का नतीजा तय कर सकते हैं। मुझे लगता है कि यह अंतर था और आप इसे देख सकते हैं।’’ तेंदुलकर ने कहा, ‘‘जब दोनों टीमों के बीच कड़ी टक्कर चल रही होती है और एक टीम अचानक आगे बढ़ जाती है तो आप अंतर देख सकते हैं और ऐसा ही हुआ।’’ भारत ने घरेलू सत्र की शुरूआत न्यूजीलैंड का 3-0 से क्लीनस्वीप करके की और फिर पांच मैचों की श्रृंखला में इंग्लैंड को 4-0 से हराया। टीम ने इसके बाद बांग्लादेश के खिलाफ एकमात्र टेस्ट जीता और फिर पिछड़ने के बाद वापसी करते हुए आस्ट्रेलिया को चार टेस्ट की श्रृंखला में 2-1 से हराया।