राज्यों के जल विवाद को निपटाने के लिए पूरे देश में एक न्यायाधिकरण :सरकार

नयी दिल्ली,  सरकार ने आज लोकसभा में बताया कि देशभर में अंतरराज्यीय नदी जल विवादों के समाधान के लिए एक न्यायाधिकरण बनाने का प्रस्ताव है जिसके तहत राज्यों के पंचाट पीठों की तरह काम करेंगे।

केंद्रीय जल संसाधन राज्य मंत्री संजीव बालियान ने तेलंगाना राष्ट्र समिति के जितेंद्र रेड्डी के प्रश्न के उत्तर में बताया कि पूरे देश के लिए नया न्यायाधिकरण बनाने का प्रस्ताव है। छोटे छोटे अधिकरण इसकी पीठ की तरह काम करेंगे।

गौरतलब है कि अंतरराज्यीय नदी जल विवादों के समाधान के लिए मौजूदा कानून में संशोधन के मकसद से जल संसाधन, नदी विकास एवं गंगा संरक्षण मंत्री उमा भारती ने गत 14 मार्च को अंतरराज्यीय नदी जल विवाद : संशोधन : विधेयक 2017 सदन में पेश किया था।

राज्यों के बीच नदी जल विवादों के समाधान में तेजी लाने के मकसद से यह विधेयक लाया गया है।

बालियान ने एक प्रश्न के उत्तर में बताया कि तेलंगाना और आंध्र प्रदेश के बीच कृष्णा नदी के पानी के बंटवारे के मामले में अध्ययन के लिए केंद्र सरकार ने कृष्णा नदी प्रबंधन बोर्ड का गठन किया है।

उन्होंने कहा कि यह बोर्ड कृष्णा जल विवाद न्यायाधिकरण-2 :केआरएमबी-2: द्वारा अंतिम आवंटन किये जाने तक दोनों राज्यों के बीच नदी जल के बंटवारे की अस्थाई व्यवस्था कर रहा है।