रेलवे की परियोजनाओं के लिए 17 राज्यों ने संयुक्त उपक्रम बनाने पर सहमति जताई :प्रभु

नयी दिल्ली,  रेल मंत्री सुरेश प्रभु ने आज कहा कि रेलवे की विभिन्न परियोजनाओं को पूरा करने के लिए 17 राज्यों के साथ एक संयुक्त उपक्रम बनाने पर सहमति बनी है और इससे रेलवे का काम और तेजी से होगा।

लोकसभा में प्रश्नकाल के दौरान प्रभु ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सहयोगात्मक संघवाद के आहवान के मद्देनजर सभी राज्यों को पत्र लिखकर रेलवे की परियोजनाओं पर काम करने के लिए संयुक्त उपक्रम बनाने का आग्रह किया गया था और 17 राज्यों ने इस पर सहमति जता दी है।

मंत्री ने बताया कि इनमें से आठ से दस राज्यों के साथ काम आगे भी बढ़ गया है।

उन्होंने कहा, ‘‘इससे केवल लागत साझा नहीं होगी बल्कि स्वामित्व साझेदारी भी की जाएगी और केंद्र तथा राज्य की एक संयुक्त उपक्रम कंपनी बनाकर रेलवे की परियोजनाओं पर काम किया जाएगा।’’ प्रभु ने छेदी पासवान के प्रश्न के उत्तर में कहा कि अंत्योदय समेत नयी ट्रेनों में जीपीएस आधारित सूचना प्रणाली शुरू की जाएगी जिसका डिस्पले ट्रेन में होगा।

उन्होंने बताया कि इसके अलावा यात्री टिकट बुकिंग करते समय भी एक विकल्प चुन सकते हैं जिससे उनके निर्दिष्ट स्टेशन की सूचना उन्हें मोबाइल पर मैसेज भेजकर दी जाएगी।

पासवान ने पूछा था कि क्या राजधानी ट्रेन की तरह अन्य ट्रेनों में भी स्टेशन आने की सूचना घोषणा करके दिया जाने का कोई प्रस्ताव है। इस पर रेल मंत्री ने कहा कि रात्रि यात्रा वाली ट्रेनों में घोषणा करके सूचना देना व्यावहारिक नहीं है क्योंकि इससे यात्रियों को सोने में असुविधा हो सकती है।