उज्जैन में जारी फिक्ही सेमिनार का समापन समारोह दिनांक 6 मार्च नानाखेड़ा स्टेडियम में

उज्जैन। विश्व प्रसिद्ध संस्था इस्लामिक फिक्ह अकेडमी इण्डिया नई देहली का 26वां फिक्ही सेमिनार दूसरे दिन भी होटल प्रसिडेन्ट में जारी है। इस सेमिनार में देश भर के 300 से अधिक वरिष्ठ इस्लामिक विद्वान और फतवा विशेषज्ञ हिस्सा ले रहे हैं। सेमिनार का आयोजन मजिलिस इत्तेहाद-ए-उम्मत शहर उज्जैन कर रही है। इस तीन दिवसीय सेमिनार में सरकारी स्कीमों से लाभ, जमीनों की लेन-देन, सोना-चॉदी का व्यापार एवं पर्यावरण संरक्षण और ध्वनि प्रदुषण पर विशेष तौर पर इस्लामिक कानून की दृष्टि से इन विषयों पर चर्चा की जा रही है। 6 मार्च को इस सभा के समापन सत्र में इन विषयों का हल बताया जायेगा। उसके बाद इस्लामिक पिफक्ह अकेडमी के अधिकारियों द्वारा लिये गये निर्णय को मीडिया के सामने प्रस्तुत किया जायेगा।

इस्लामिक पिफक्ह अकेडमी भारत में नये विषयों का इस्लामिक दृष्टि से हल खोजने की एक विश्व स्तरीय संस्था है। इस कार्यक्रम में अकेडमी के जनरल सेक्रेट्री मौलाना खालिद सैफुल्लाह रहमानी, दारूल उलूम देवबंद के मौलाना नेएमतुल्ला आजमी, गुजरात के मुफ्ती अहमद देहलीव, बैंग्लुरू के अमीरे शरीयत मुफ्ती अशरफ बाक्वी , लखनऊ से मौलाना अतीक बस्तवी, मौलाना बुरहान उद्दीन सम्भली, केरेला से डाक्टर अब्दुल्लाह जौलम, हैदराबाद से मुफ्ती ओबेदुल्लाह असअदी ने विशेष तौर पर हिस्सा लिया। कार्यक्रम में देश भर से आये इस्लामिक विद्वानों ने अपने विचार साझा किये।

मजलिस इत्तेहाद-ए-उम्मत के अध्यक्ष व इस सेमिनार के आयोजक मौलाना तैयब नदवी ने प्रेस को यह जानकारी देते हुये बताया कि 6 मार्च को नानाखेड़ा स्टेडियम में 5 बजे से रात 10 बजे तक एक इज्लास-ए-आम का आयोजन किया जायेगा। जिसमें 50 हजार से अधिक लोगों के आने की उम्मीद है। इस सभा में तीन दिवसीय सेमिनार में की गई वार्ता का हल बताया जायेगा।