‘जल महोत्सव’ के लिये हनुवंतिया टापू तैयार, 15 दिसंबर को शिवराज करेंगे उद्घाटन

इंदौर,  एशिया की सबसे बड़ी मानव निर्मित जल संरचनाओं में गिने जाने वाले इंदिरा सागर बांध का हनुवंतिया टापू ‘जल महोत्सव’ के 15 दिसंबर से शुरू होने वाले दूसरे सालाना संस्करण के लिये तैयार है। मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान खंडवा जिले में स्थित टापू पर महीने भर चलने वाली जल पर्यटन गतिविधियों की औपचारिक शुरूआत करेंगे।

मध्यप्रदेश राज्य पर्यटन विकास निगम :एमपीएसटीडीसी: की इंदौर इकाई के क्षेत्रीय प्रबंधक एसके गुप्ता ने आज ‘पीटीआई.भाषा’ को बताया कि इस बार ‘जल महोत्सव’ का विशेष आकषर्ण केरल की तर्ज पर तैयार की गयी दो हाउसबोट रहेंगी। तीन.तीन कमरों वाली इन हाउसबोट को इंदिरा सागर बांध के करीब 950 वर्ग किलोमीटर के विशाल जल भराव क्षेत्र में उतारा जायेगा।

गुप्ता ने बताया कि 15 दिसंबर से 15 जनवरी तक चलने वाले ‘जल महोत्सव’ के दौरान इस बांध के जल भराव क्षेत्र में क्रूज बोट, मोटर बोट और ‘जल परी’ :छोटी क्रूज बोट: भी उतारी जायेंगी। इस टापू पर महीने भर तक जल क्रीड़ा गतिविधियों के साथ रोमांचक और साहसिक खेलों का आयोजन होगा।

उन्होंने बताया कि ‘जल महोत्सव’ के लिये हनुवंतिया टापू पर एक निजी कम्पनी की मदद से सैलानियों के लिये करीब 125 तंबुओं का गांव बसाया गया है। नोटबंदी के मद्देनजर वहां पर्यटकों की सुविधा के लिये स्वाइप कार्ड से भुगतान की व्यवस्था भी की गयी है। प्रदेश सरकार हनुवंतिया टापू को जल पर्यटन के बड़े भारतीय केंद्र के रूप में स्थापित करने की कोशिश में जुटी है। इस टापू पर करीब पांच करोड़ रपये की लागत से जल क्रीड़ा परिसर और अन्य पर्यटन सुविधाएं विकसित करने के बाद वहां वर्ष 2015 से ‘जल महोत्सव’ का सिलसिला शुरू किया गया था।