मंसूर खान को निर्देशन में वापस लाने के लिए मना रहे हैं आमिर

नयी दिल्ली,  :भाषा: सुपरस्टार आमिर खान ने कहा है कि वह चाहते हैं कि उनके चचेरे भाई मंसूर खान फिल्म निर्माण में वापसी करें और वह उन्हें मनाने की पूरी कोशिश कर रहे हैं।

मंसूर ने वर्ष 1988 में आमिर खान अभिनीत ‘‘कयामत से कयामत तक’’ के जरिए निर्देशन की शुरूआत की थी। उनके द्वारा निर्देशित अब तक की अंतिम फिल्म वर्ष 2000 की ‘‘जोश’’ थी।

फिल्म ‘‘जाने तू या जाने ना’’ में वह सहनिर्माता थे। इस फिल्म के जरिए आमिर के भतीजे इमरान खान ने अभिनय की दुनिया में कदम रखा था।

मंसूर के पिता और आमिर के चाचा नासिर हुसैन की जीवनी के विमोचन के अवसर पर यह इच्छा जताई कि वह अपने भाई को वापस निर्देशक की कुर्सी पर बैठे हुए देखना चाहते हैं।

आमिर के ऐसा कहने के बाद मंसूर ने बताया कि वह फिल्मों में आने को लेकर झिझक रहे थे तब नासिर ने उन्हें कहा था, ‘‘तुम कहीं भी जा सकते हो लेकिन अंत में तुम्हें फिल्मों की ओर लौटना ही पड़ेगा क्योंकि ये तुम्हारी जड़ें हैं।’’उस समय मंसूर एमबीए कर रहे थे।

इसी दौरान आमिर ने अपने भाई को रोककर चुटकी लेते हुए कहा, ‘‘आजकल, मैं मंसूर को यही बात कह रहा हूं, ‘तुम दूर नहीं जा सकते, तुम्हें :फिल्म निर्माण में: लौटना ही होगा।’ मैं इन्हें मनाने की कोशिश करता रहा हूं।’’ अपने प्रशंसकों में अपनी वापसी की उम्मीद जगाते हुए मंसूर ने कहा, ‘‘मैं उम्मीद करता हूं कि पिछली बार की तरह इस बार भी यह सच हो जाए।’’ मंसूर का एक छोटा लेकिन शानदार करियर रहा है। उन्हें ‘‘कयामत से कयामत तक’’ के लिए राष्ट्रीय पुरस्कार मिला था। उनकी तीन अन्य फिल्मों- ‘‘जो जीता वही सिंकदर’’, ‘‘अकेले हम अकेले तुम’’ और ‘‘जोश’’ को दर्शकों का अच्छा खासा प्यार मिला था।